बिलासपुर । इस खरीफ मौसम में खाद, बीज के लिये ज्यादा भागदौड़ नहीं करनी पड़ रही है। वह समिति में आज इस सीजन में पहली बार आया और उसे तुरंत ही जरूरी खाद उपलब्ध हो गया। यह कहना है किसान विनोद पटेल का जो सेवा सहकारी समिति सेन्दरी में खाद लेने पहुंचे थे। श्री पटेल एक गरीब किसान है। उसके पास मात्र २ एकड़ की खेती है। बीते खरीफ मौसम में उसने २६ क्विंटल धान बेचा था। समर्थन मूल्य बढ?े से उसे ६५ हजार रूपये की आय हुयी थी। साथ ही सहकारी बैंक से लिया गया ५ हजार रूपये का कर्ज भी माफ हो गया था। श्री पटेल का कहना है कि बीते वर्ष खेती का काम उसके लिये लाभदायक रहा है। इसलिए वह इस वर्ष भी उत्साह से खेती करेगा। इसी सेवा सहकारी समिति में पंजीकृत ग्राम कछार के किसान लोमस साहू के पास २ एकड़ से कुछ ही ज्यादा भूमि है। सरकार द्वारा विगत खरीफ मौसम का ३३ हजार रूपये का कर्ज माफ किया गया था। माफी से बचत राशि का उपयोग उसने खेती को बेहतर बनाने के लिये किया है। छत्तीसगढ़ शासन की मंशानुरूप जिले के किसानों को खाद, बीज और नगद ऋण आसानी से और समय पर उपलब्ध हो रहा है। सेवा सहकारी समिति सेन्दरी में यूरिया, डीएपी, पोटाश, इफको खाद और विभिन्न किस्म के गुणवत्तायुक्त धान बीज उपलब्ध है। इस समिति से अब तक १०८ किसानों को खाद और बीज किसान क्रेडिट कार्ड के माध्यम उपलब्ध कराया गया है, साथ ही ९० किसानों को २५ लाख १४ हजार रूपये का नगद ऋण दिया जा चुका है। इस समिति में ८ सौ किसान पंजीकृत हैं। असिंचित क्षेत्र के किसानों को प्रति हेक्टेयर के हिसाब से १९ हजार ८ सौ रूपये नगद ऋण राशि और १३ हजार २ सौ रूपये के खाद, बीज उपलब्ध कराए जा रहे हैं। वहीं सिंचित क्षेत्र के किसानों को प्रति हेक्टेयर के हिसाब से २७ हजार रूपये नगद ऋण और १८ हजार रूपये के खाद, बीज उपलब्ध कराए जा रहे हैं। समिति में अब तक ९०४.५ क्विंटल धान बीज का भण्डारण हुआ था। जिसमें से ८७२.७५ क्विंटल का वितरण किसानों को किया गया है। वहीं २ हजार ४४८ बोरी विभिन्न किस्म के खादों का उठाव किसानों ने कर लिया है।