बिहार के भागलपुर जिले में अंधविश्वास के चलते एक बच्चा की हत्या कर दी गई। यहां एक तांत्रिक की सलाह पर चाचा ने अपने 10 साल के भतीजे को कथित तौर पर काली माता को खुश करने के लिए बलि दे दी।  
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आशिष भारती ने सोमवार को बताया कि आरोपी शिवानंद रविदास का अपना कोई बच्चा नहीं था और उसे एक स्थानीय तांत्रिक विभाष मंडल ने सलाह दी कि संतान की उसकी इच्छा तभी पूरी होगी जब वह किसी करीबी रिश्तेदार के बच्चे की बलि काली पूजा के दिन देगा।

यह घटना रविवार देर रात पीरपैंती थाना क्षेत्र के दिलौरी गांव में घटी। भारती ने कहा कि रविदास अपने भतीजे को पटाखे दिलाने के बहाने से एक गुप्त स्थान पर ले गया और वहां पहुंचकर उसका गला काट दिया।

देर होने के बाद माता-पिता उसे ढूंढने में लग गए। काफी खोज करने के बाद उन्हें बच्चे का शव गांव में बांस के ढेर से मिला। जिसके बाद उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।

एसएसपी ने कहा कि आरोपी रविदास और तांत्रिक को गिरफ्तार कर लिया गया है।