भोपाल।  देश के प्रसिद्ध तीर्थ स्थलों में से जैन धर्मामलम्वियों का आस्था और श्रद्धा का केन्द्र ज्ञानोदय तीर्थ धाम में आज श्रद्धा और आस्था का अभूतपूर्व सैलाव दिखाई दे रहा था। तीर्थ धाम के वार्षिक उत्सव के तीन दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान में आज प्रातः सम्पूर्ण जगत की शांति की कामना को लेकर शांति धारा की गयी । संगीतमय स्वर लहरियों के साथ अष्ठ द्रव्यों की थाल सजाकर पंचमेरू में स्थिति 80 जिनालयों की विशेष पूजा अर्चना की गई। श्रद्धालुओं ने  भक्ति भाव से तीर्थ धाम के शिखर पर स्थित कलशों का परिमार्जन किया गया। इस अवसर कार्यक्रम संयोजक अरूण वर्धमान ने बताया कि ज्ञानोदय तृतीय वार्षिकोत्सव जनवरी 2020 में मनाया जायेगा एवं ज्ञानोदय सिद्धांत महाविद्यालय में इस वर्ष 10 नये विद्यार्थियों का चयन किया जायेगा। इस अवसर पर पं. हिम्मत नगर के समय सार पर वाचन हुआ। जिसमें उन्होंने बताया जिनके सरल भाव होते हैं उनके समस्त दुःखों का नाश होता है, वर्तमान में धार्मिक,नैतिक शिक्षा एवं संस्कारों की आवश्यकता है ज्ञानोदय तीर्थ धाम में नैतिक शिक्षा एवं संस्कारों की धारा बह रही हैं। अंत में महाविद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा अनेक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये गये। इस मौके पर बाल संस्कार शिक्षण शिविर की पत्रिका का विमोचन हुआ। समापन के अवसर पर अनेक वक्ताओं ने अपने विचार व्यक्त किये एवं ट्रस्ट के अध्यक्ष अशोक जैन ने देश  के विभिन्न प्रांतों पधारे विशिष्ट व्यक्तियों एवं उपस्थित समाज का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर देवेन्द्र बडकुल, प्रणव चैधरी, अरविन्द सौगानी, वीरेन्द्र हुण्डी, हुकुम चन्द जैन, अनिल आर.बी.आई. विनोद चैधरी, राजेन्द्र मोदी, चिन्मय बडकुल , आशीष मोदी, अजय सोगानी आदि  उपस्थित थे।