अनूपपुर :   विवादित नगर पालिका में नहीं रखूंगा पैर!

अतिरिक्त प्रभार मिलने के एक माह बाद भी अनूपपुर नहीं पहुंचे शशांक आर्मो, जनता में बढ़ रहा आक्रोश

अनूपपुर। नगर पालिका परिषद अनूपपुर की प्रशासनिक व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। मध्यप्रदेश शासन, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा जारी आदेश के तहत लगभग एक माह पूर्व नगर परिषद पसान के मुख्य नगर पालिका अधिकारी शशांक आर्मो को नगर पालिका परिषद अनूपपुर का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया था, लेकिन वह आज तक अनूपपुर नगर पालिका नहीं आये, अनूपपुर की फाइल पासन नगर पालिका ले जाई जाती हैं वह वही बैठ कर फाइल मे हस्ताक्षर कर रहे हैं  इससे अनूपपुर नगर पालिका की कार्यप्रणाली प्रभावित हो रही है और शहर की मूलभूत सुविधाओं की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है।

शहरवासियों का आरोप है कि प्रशासनिक नेतृत्व के अभाव में नगर पालिका की व्यवस्थाएं पूरी तरह चरमरा गई हैं। सड़कें जगह-जगह खराब हो चुकी हैं, कई वार्डों में स्ट्रीट लाइटें बंद पड़ी हैं, पेयजल आपूर्ति की समस्या बनी हुई है तथा बारिश के मौसम में जलभराव की स्थिति लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रही है।

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि नगर पालिका में जिम्मेदार अधिकारी की अनुपस्थिति का सीधा असर विकास कार्यों पर पड़ रहा है। कई महत्वपूर्ण फाइलें लंबित हैं और जनसमस्याओं के निराकरण में लगातार देरी हो रही है। नगर पालिका के कर्मचारियों पर भी नियंत्रण और निगरानी का अभाव दिखाई दे रहा है, जिसके कारण कार्यालयीन कार्यों में शिथिलता बढ़ती जा रही है।

गौरतलब है कि नगरीय प्रशासन विभाग द्वारा जारी आदेश में शशांक आर्मो को उनके वर्तमान दायित्वों के साथ-साथ नगर पालिका परिषद अनूपपुर का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया था। आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किया गया था, लेकिन एक माह से अधिक समय बीत जाने के बावजूद उनके अनूपपुर न पहुंचने से कई सवाल खड़े हो रहे हैं।

शहर में चर्चा है कि अनूपपुर नगर पालिका में लंबे समय से चल रहे विवादों और प्रशासनिक खींचतान के कारण अधिकारी यहां आने से बच रहे हैं।  लोगों के बीच यह चर्चा तेजी से फैल रही है कि आखिर अतिरिक्त प्रभार दिए जाने के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी अनूपपुर क्यों नहीं पहुंचे।

जिला प्रशासन की कार्यशैली को लेकर भी लोगों में नाराजगी दिखाई दे रही है। नागरिकों का कहना है कि यदि शासन का आदेश लागू नहीं हो पा रहा है तो इसकी जवाबदेही तय की जानी चाहिए। लोगों ने मांग की है कि या तो शशांक आर्मो तत्काल नगर पालिका अनूपपुर आये यहाँ के हालत देखे  अथवा शासन किसी पूर्णकालिक मुख्य नगर पालिका अधिकारी की नियुक्ति करे ताकि शहर की बिगड़ती व्यवस्थाओं में सुधार हो सके।

बारिश के मौसम में पेयजल, सड़क और जलनिकासी जैसी समस्याएं और गंभीर रूप धारण कर सकती हैं। ऐसे में नगर पालिका में प्रशासनिक शून्यता को लेकर नागरिकों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। अब देखना यह होगा कि शासन और जिला प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाते हैं और अनूपपुर की जनता को कब तक बेहतर नगर प्रशासन मिल पाता है।