आन-बान और शान से लहराया तिरंगा, करंजिया महाविद्यालय के नवीन भवन में पहली बार हुआ ध्वजारोहण

स्वतंत्रता दिवस पर महाविद्यालय परिसर में दिखा जबरदस्त उत्साह, प्राचार्य प्रमोद कुमार वासपे एवं पूर्व जनभागीदारी अध्यक्ष गजेंद्र सिंह करचाम ने किया ध्वजारोहण

करंजिया। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर करंजिया महाविद्यालय के नवीन भवन में पहली बार राष्ट्रीय ध्वज आन-बान और शान के साथ लहराया गया। नवीन भवन में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह को लेकर महाविद्यालय के विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों में खासा उत्साह देखने को मिला। तिरंगा फहराते ही पूरा परिसर देशभक्ति के नारों और राष्ट्रगान से गूंज उठा।

महाविद्यालय के प्राचार्य प्रमोद कुमार वासपे के साथ पूर्व जनभागीदारी समिति अध्यक्ष गजेंद्र सिंह करचाम ने संयुक्त रूप से ध्वजारोहण किया और राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी। इसके बाद उपस्थित जनसमुदाय ने राष्ट्रगान गाकर देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

वीर शहीदों को किया नमन

समारोह को संबोधित करते हुए प्राचार्य प्रमोद कुमार वासपे ने स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए देश को आजादी दिलाने वाले वीर शहीदों और स्वतंत्रता सेनानियों को नमन किया। उन्होंने कहा कि आजादी हमें लंबे संघर्ष और असंख्य वीरों के बलिदान के बाद मिली है। इसलिए देश की स्वतंत्रता, संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। विद्यार्थियों को अपने अधिकारों के साथ-साथ अपने कर्तव्यों को भी समझना चाहिए और शिक्षा के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहिए।

उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, मेहनत और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।

नवीन भवन में पहली बार ध्वजारोहण बना खास अवसर

करंजिया महाविद्यालय के नवीन भवन में पहली बार स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर ध्वजारोहण होने से यह समारोह विशेष बन गया। नवीन भवन में आयोजित कार्यक्रम को लेकर विद्यार्थियों और महाविद्यालय परिवार में खासा उत्साह नजर आया। परिसर में देशभक्ति का माहौल रहा और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक समारोह में सहभागिता की।

गजेंद्र सिंह करचाम ने रखे विचार

पूर्व जनभागीदारी समिति अध्यक्ष गजेंद्र सिंह करचाम ने भी स्वतंत्रता दिवस पर अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि स्वतंत्रता केवल उत्सव मनाने का अवसर नहीं, बल्कि देश के प्रति अपने दायित्वों को याद करने का दिन है। उन्होंने विद्यार्थियों से शिक्षा के साथ संस्कार, अनुशासन और राष्ट्रप्रेम को जीवन में अपनाने का आह्वान किया।

उन्होंने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी ताकत हैं और आने वाले भारत की दिशा तय करने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होगी।

समारोह के दौरान महाविद्यालय परिसर में उत्साह और देशभक्ति का माहौल देखने को मिला। नवीन भवन में पहली बार फहराया गया तिरंगा विद्यार्थियों और महाविद्यालय परिवार के लिए स्वतंत्रता दिवस की यादगार तस्वीर बन गया। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ के पी बर्रोह ने किया