कोतमा की घटना पर सीएमओ प्रदीप झरिया पर कार्यवाही कब?
कोतमा की घटना पर सीएमओ प्रदीप झरिया पर कार्यवाही कब?
अनूपपुर/ नगर पालिका कोतमा अंतर्गत 4 अप्रैल को शनिवार हुए एक दर्दनाक हादसे में तीन मंजिला 'अग्रवाल होटल' की इमारत ताश के पत्तों की तरह ढह (Anuppur Building Collapse) गई। इस हृदयविदारक घटना में तीन लोगों की जान चली गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। प्रशासन द्वारा चलाए गए 14 घंटे के लंबे रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद रविवार सुबह अंतिम शव बरामद किया गया। इस पूरी घटना पर नगर पालिका कोतमा की बड़ी लापरवाही मानी जा रही है वही घटना के 4 घंटे के बाद मौके पर पहुँचने वाले सीएमओ प्रदीप झरिया के विरुद्ध आम जन मे जबरजस्त आक्रोश है जिसको लेकर आम जन ने जिला प्रशासन से कोतमा सीएमओ प्रदीप झरिया के विरुद्ध सख्त कार्यवाही की मांग की है |
*कमीशन मे परमिशन का खेल*
सूत्रों के मुताबिक नगर पालिका कोतमा मे इन दिनों कमीशन मे परमिशन का खेल जोरो पर है जिसकी वजह से ऐसे घटना घटित हुई अग्रवाल होटल' के बगल मे चल रहे अंडर ग्राउंड के निर्माण कार्य की कोई वैध स्वीकृति नगर पालिका कोतमा द्वारा नहीं दी गई थी और चल रहे निर्माण कार्य पर कोई एक्शन पूर्व मे लिया गया प्रारंभिक जांच में हादसे की मुख्य वजह सुरक्षा मानकों की अनदेखी को माना जा रहा है। बताया गया है कि होटल की बिल्डिंग के ठीक बाजू में एक गहरा गड्ढा खोदा गया था, जिससे इमारत की नींव कमजोर हो गई और वह ढह गई।


