श्रावण मास के पावन पुण्य अवसर पर अष्टोत्तर शत् शिव महापुराण कथा प्रारंभ ,बाबा कल्याण दास जी आशीर्वाद और स्वामी सच्चितानंद के सानिध्य से संपन्न हो रहा,,संवाददाता-श्रवण उपाध्याय 

अमरकंटक - मां नर्मदा जी की पावन उद्गम स्थली/ पवित्र नगरी अमरकंटक में भगवान भोलेनाथ के सबसे प्रिय श्रावण मास के पावन अवसर पर स्थानीय श्री कल्याण सेवा आश्रम में श्री अष्टोत्तर शत् शिव महापुराण कथा का भव्य धार्मिक एवं आध्यात्मिक आयोजन 27 जुलाई 25 को श्रावण शुक्ल तृतीया मघा नक्षत्र दिन- रविवार से 2 अगस्त 25 श्रावण शुक्ल अष्टमी विशाखा नक्षत्र दिन- शनिवार तक सप्त दिवसीय कथा किया जा रहा है। यह आध्यात्मिक आयोजन  परम पूज्य तपस्वी बाबा कल्याण दास जी महाराज के आशीर्वाद एवं आचार्य स्वामी  सच्चिदानंद महाराज के पावन सान्निध्य में संपन्न हो रहा है । व्यास पीठ से कथा का वाचन भागवत मयंक पंडित संतोष शास्त्री महाराज द्वारा किया जा रहा है ।

रथ यात्रा सहित निकली गई शोभायात्रा ।

 आयोजन की शुरुआत एक भव्य शोभायात्रा के साथ हुई । कथा व्यास के लिए एक विशेष रथ सजाया गया था ।
भक्तगण , ब्राह्मण एवं कथा प्रेमीजन इस शोभायात्रा में 108 ब्राह्मणों सहित अनेक श्रद्धालुओं ने भाग लेकर आयोजन का शुभारंभ किया । इस धार्मिक महायज्ञ के मुख्य आयोजक श्रीमती माया गुप्ता एवं महिला मंडल हैं  जो समर्पण भाव से आयोजन की सभी व्यवस्थाओं को संभाल रहे हैं ।

आयोजन का महत्व

धार्मिक एवं आध्यात्मिक चेतना श्री अष्टोत्तर शत् शिव महापुराण कथा न केवल धार्मिक ज्ञान का स्रोत है बल्कि यह आत्मिक शांति, भक्ति, और मोक्ष की ओर एक प्रेरणादायक मार्ग भी है । यह कथा दोपहर 3 से 6 बजे तक रोजाना कथा श्रवण किया जा सकता है ।

सामाजिक एकता का प्रतीक 

आयोजन में विभिन्न वर्गों और समुदायों के लोगों की भागीदारी सामाजिक सौहार्द, एकता और आपसी सहयोग का संदेश देती है । प्रतिदिन कथा का  श्रवण कर आध्यात्मिक लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
कथा के साथ-साथ विविध धार्मिक अनुष्ठान, पूजन और हवन भी संपन्न होंगे।कथा के समापन पर विशाल भंडारे का आयोजन समिति द्वारा किया गया है जिसमें भक्त गण साधु सन्यासी एवं सहयोगीगण भाग ले सकेंगे ।